यह कौन है जो अपने प्रेमी पर टेक लगाये हुए जंगल से चली आती है? सेब के पेड़ के नीचे मैं ने तुझे जगया। वहां तेरी माता ने तुझे जन्म दिया वहां तेरी माता को पीड़ाएं उठीं।।
3काश, उसका बायां हाथ मेरे सिर के नीचे होता, और अपने दहिने हाथ से वह मेरा आलिंगन करता!
5यह कौन है जो अपने प्रेमी पर टेक लगाये हुए जंगल से चली आती है? सेब के पेड़ के नीचे मैं ने तुझे जगया। वहां तेरी माता ने तुझे जन्म दिया वहां तेरी माता को पीड़ाएं उठीं।।
इस पद को अन्य भाषाओं में भी पढ़ें