उस ने उन्हें बैरी के हाथ से उबारा, और शत्रु के हाथ से छुड़ा लिया।
8तौभी उस ने अपने नाम के निमित्त उनका उद्धार किया, जिस से वह अपने पराक्रम को प्रगट करे।
10उस ने उन्हें बैरी के हाथ से उबारा, और शत्रु के हाथ से छुड़ा लिया।
11और उनके द्रोही जल में डूब गए; उन में से एक भी न बचा।
12तब उनहों ने उसके वचनों का विश्वास किया; और उसकी स्तुति गाने लगे।।
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