जब हनोक पैंसठ वर्ष का हुआ, तब उस ने मतूशेलह को जन्म दिया।
19और हनोक के जन्म के पश्चात् येरेद आठ सौ वर्ष जीवित रहा, और उसके और भी बेटे बेटियां उत्पन्न हुई।
20और येरेद की कुल अवस्था नौ सौ बासठ वर्ष की हुई : तत्पश्चात् वह मर गया।
21जब हनोक पैंसठ वर्ष का हुआ, तब उस ने मतूशेलह को जन्म दिया।
इस पद को अन्य भाषाओं में भी पढ़ें