तब राहाब जिसका घर शहरपनाह पर बना था, और वह वहीं रहती थीं, उस ने उनको खिड़की से रस्सी के बल उतारके नगर के बाहर कर दिया।
15तब राहाब जिसका घर शहरपनाह पर बना था, और वह वहीं रहती थीं, उस ने उनको खिड़की से रस्सी के बल उतारके नगर के बाहर कर दिया।
17उन्हों ने उस से कहा, जो शपथ तू ने हम को खिलाई है उसके विषय में हम तो निर्दोष रहेंगे।
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