मीका 2:8

परन्तु कल की बात है कि मेरी प्रजा शत्रु बनकर मेरे विरूद्ध उठी है; तुम शान्त और भोले- भाले राहियों के तन पर से चादर छीन लेते हो जो लड़ाई का विचार न करके निधड़क चले जाते हैं।

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6बकवासी कहा करते हैं, कि बकवास न करो। इन बातें के लिये न कहा करो; ऐसे लोगों में से अपमान न मिटेगा।

7हे याकूब के घराने, क्या यह कहा जाए कि यहोवा का आत्मा अधीर हो गया है? क्या ये काम उसी के किए हुए हैं? क्या मेरे वचनों से उसका भला नहीं होता जो सीधाई से चलता है?

8परन्तु कल की बात है कि मेरी प्रजा शत्रु बनकर मेरे विरूद्ध उठी है; तुम शान्त और भोले- भाले राहियों के तन पर से चादर छीन लेते हो जो लड़ाई का विचार न करके निधड़क चले जाते हैं।

9मेरी प्रजा की स्त्रियों को तुम उनके सुखधामों से निकाल देते हो; और उनके नन्हें बच्चों से तुम मेरी दी हुई उत्तम वस्तुएं सर्वदा के लिये छीन लेते हो।

10उठो, चले जाओ! क्योंकि यह तुम्हारा विश्रामस्थान नहीं है; इसका कारण वह अशुद्धता है जो कठिन दु:ख के साथ तुम्हारा नाश करेगी।

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