और जब मोआब ऊंचे स्थान पर मुंह दिखाते दिखाते थक जाए, और प्रार्थना करने को अपने पवित्रा स्थान में आए, तो उसे कुछ लाभ न होगा।
11इसलिये मेरा मन मोआब के कारण और मेरा हृदय कीरहैरेस के कारण वीणा का सा क्रन्दन करता है।।
12और जब मोआब ऊंचे स्थान पर मुंह दिखाते दिखाते थक जाए, और प्रार्थना करने को अपने पवित्रा स्थान में आए, तो उसे कुछ लाभ न होगा।
13यही वह बात है जो यहोवा ने इस से पहिले मोआब के विषय में कही थी।
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