जैसा एक पागल जो जंगली लकड़ियां और मृत्यु के तीर फेंकता है,
16आलसी अपने को ठीक उत्तर देनेवाले सात मनुष्यों से भी अधिक बुद्धिमान समझता है।
18जैसा एक पागल जो जंगली लकड़ियां और मृत्यु के तीर फेंकता है,
19वैसा ही वह भी होता है जो अपने पड़ोसी को धोखा देकर कहता है, कि मैं तो ठट्ठा कर रहा था।
20जैसे लकड़ी न होने से आग बुझती है, उसी प्रकार जहां कानाफूसी करनेवाला नहीं वहां झगड़ा मिट जाता है।
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