तब सुलैमान सोबा के हमात को जाकर, उस पर जयवन्त हुआ।
1सुलैमान को यहोवा के भवन और अपने भवन के बनाने में बीस वर्ष लगे।
2तब जो नगर हूराम ने सुलैमान को दिए थे, उन्हें सुलैमान ने दृढ़ करके उन में इस्राएलियों को बसाया।
3तब सुलैमान सोबा के हमात को जाकर, उस पर जयवन्त हुआ।
4और उस ने तदमोर को जो जंगल में है, और हमात के सब भणडार नगरों को दृढ़ किया।
5फिर उस ने ऊपरवाले और नीचेवाले दोनों बेथोरोन को शहरपनाह और फाटकों और बेड़ों से दृढ़ किया।
इस पद को अन्य भाषाओं में भी पढ़ें