यशायाह 49:19

तेरे जो स्थान सुनसान और उजड़े हैं, और तेरे जो देश खण्डहर ही खण्डहर हैं, उन में अब निवासी न समाएंगे, और, तुझे नष्ट करनेवाले दूर हो जाएंगे।

प्रसंग सहित पढ़ें · यशायाह 49

17तेरे लड़के फुर्ती से आ रहे हैं और खण्डहर बनानेवाले और उजाड़नेवाले तेरे बीच से निकले जा रहे हैं।

18अपनी आंखें उठाकर चारों ओर देख, वे सब के सब इकट्ठे होकर तेरे पास आ रहे हैं। यहोवा की यह वाणी है कि मेरे जीवन की शपथ, तू निश्चय उन सभों को गहने के समान पहिल लेगी, तू दुल्हिन की नाई अपने शरीर में उन सब को बान्ध लेगी।।

19तेरे जो स्थान सुनसान और उजड़े हैं, और तेरे जो देश खण्डहर ही खण्डहर हैं, उन में अब निवासी न समाएंगे, और, तुझे नष्ट करनेवाले दूर हो जाएंगे।

20तेरे पुत्रा जो तुझ से ले लिए गए वे फिर तेरे कान में कहने पाएंगे कि यह स्थान हमारे लिये सकेत है, हमें और स्थान दे कि उस में रहें।

21तब तू मन में कहेगी, किस ने इनको मेरे लिये जन्माया? मैं तो पुत्राहीन और बांझ हो गई थीं, दासत्व में और यहां वहां मैं घूमती रही, इनको किस ने पाला? देख, मैं अकेली रह गई थी; फिर ये कहां थे?

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