वह नगर नगर, और गांव गांव होकर उपदेश करता हुआ यरूशलेम की ओर जा रहा था।
20उस ने फिर कहा; मैं परमेश्वर के राज्य कि उपमा किस से दूं?
22वह नगर नगर, और गांव गांव होकर उपदेश करता हुआ यरूशलेम की ओर जा रहा था।
23और किसी ने उस से पूछा; हे प्रभु, क्या उद्धार पानेवाले थोड़े हैं?
इस पद को अन्य भाषाओं में भी पढ़ें