प्रभु यीशु मसीह का अनुग्रह तुम पर होता रहे।
21मुझ पौलुस का अपने हाथ का लिखा हुआ नमस्कार: यदि कोई प्रभु से प्रेम न रखे तो वह स्त्रापित हो।
22हमारा प्रभु आनेवाला है।
23प्रभु यीशु मसीह का अनुग्रह तुम पर होता रहे।
24मेरा प्रेम मसीह यीशु में तुम सब से रहे। आमीन।।
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