और इस्राएली यहूदा के साम्हने से भागे, और परमेश्वर ने उन्हें उनके हाथ में कर दिया।
14और जब यहूदियों ने पीछे को मुंह फेरा, तो देखा कि हमारे आगे और पीछे दोनों ओर से लड़ाई होनेवाली है; तब उन्हों ने यहोवा की दोहाई दी, और याजक तुरहियों को फूंकने लगे।
15तब यहूदी पुरूषों ने जय जयकार किया, और जब यहूदी पुरूषों ने जय जयकार किया, तब परमेश्वर ने अबिरयाह और यहूदा के साम्हने, यारोबाम और सारे इस्राएलियों को मारा।
16और इस्राएली यहूदा के साम्हने से भागे, और परमेश्वर ने उन्हें उनके हाथ में कर दिया।
17और अबिरयाह और उसकी प्रजा ने उन्हें बड़ी मार से मारा, यहां तक कि इस्राएल में से पांच लाख छंटे हुए पुरूष मारे गए।
18उस समय तो इस्राएली दब गए, और यहूदी इस कारण प्रबल हुए कि उन्हों ने अपने पितरों के परमेश्वर यहोवा पर भरोसा रखा था।
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